शिक्षा के साथ संस्कार और समाज से सरोकार जरूरी – त्रिलोक चंद्र श्रीवास

प्रचंड प्रहार न्यूज/बिलासपुर। शिक्षा व शेरनी का दूध जो पियेगा वह दहाड़ेगा, यह वाक्य अंतिम सत्य है। शिक्षा के कारण ही संविधान के शिल्पी बाबा साहब अंबेडकर के द्वारा बनाए हुए समता मूलक संविधान के कारण आज छोटे-छोटे समाज आगे बढ़ रहे हैं। व्यक्ति को शिक्षित होना अत्यंत अनिवार्य है, एक टाइम का खाना भी नहीं खा करके अपने बच्चों को उच्च शिक्षित बनाएं, मैं निवेदन करता हूं…

सूर्यवंशी समाज मेरा अपना समाज है। उनके सुख-दुख में सहभागिता बनकर मैं अपने आप को गौरवान्वित समझना हूं। समाज को जब मेरी जरूरत महसूस होगी मैं आधी रात को समाज के लिए खड़ा हूं और हमेशा समाज ने मुझे अपना आशीर्वाद दिया है। उच्च शिक्षा के साथ संस्कार और समाज के साथ अपना सरोकार भी अति अनिवार्य है और इसे बनाकर रखना बहुत जरूरी है ।

यह बातें जिला सूर्यवंशी शिक्षा समिति द्वारा बेलतरा विधानसभा क्षेत्र के परसाही में आयोजित प्रतिभा सम्मान अलंकरण कार्यक्रम एवं शिक्षक सम्मान कार्यक्रम में अतिविशिष्ट अतिथि के रूप में पहुंचे बिलासपुर जिले के कांग्रेस नेता त्रिलोक चंद्र श्रीवास, राष्ट्रीय समन्वयक-AICC अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी, प्रदेश प्रभारी- उत्तर प्रदेश तथा गुजरात ने व्यक्त किया।

कार्यक्रम में मस्तूरी विधायक दिलीप लहरिया बेलतरा विधायक सुशांत शुक्ला, जिला पंचायत अध्यक्ष राजेश सूर्यवंशी, जिला पंचायत सदस्य प्रतिनिधि अरुणा प्रकाश सूर्यवंशी, समाज के जिला अध्यक्ष नंदकिशोर दहरिया, आयोजन समिति शिक्षा समिति के अध्यक्ष आर के तोंडे, मोहन जायसवाल, सरपंच बैमा, सरपंच नगोई, सरपंच परसाही, जमुना प्रसाद देवी सरपंच उर्तुम ,सरपंच लगरा सहित समाज के अधिकारीगण सैकड़ो शिक्षक शिक्षिकाएं, हजारों छात्र एवं सूर्यवंशी समाज के पूरे जिले और अन्य जिले से हजारों लोग उपस्थित थे, इस अवसर पर आयोजन समिति के द्वारा त्रिलोक श्रीवास का साल श्रीफल एवं स्मृति चिन्ह देकर सम्मान किया गया एवं भव्य स्वागत किया गया।



