वरिष्ठजनों के खेल में दिखा उत्साह, अब योजनाओं के असर पर नजर
अंतर्राष्ट्रीय वृद्धजन दिवस से पहले अनुभव भवन में खेलकूद प्रतियोगिता, कल स्वास्थ्य, अधिकार और साइबर सुरक्षा पर होगी चर्चा

प्रचंड प्रहार न्यूज नेटवर्क/बिलासपुर। अंतर्राष्ट्रीय वृद्धजन दिवस से एक दिन पहले बुधवार को बृहस्पति बाजार स्थित अनुभव भवन में वरिष्ठजनों के लिए खेलकूद प्रतियोगिताएं आयोजित की गईं। कुर्सी दौड़, मटका फोड़, बकेट बॉल और पासिंग बॉल जैसी प्रतियोगिताओं में वरिष्ठ नागरिकों ने उत्साह के साथ भाग लिया। विजेताओं को समाज कल्याण विभाग के संयुक्त संचालक टी.पी. भावे और सहायक संचालक सुमित केशरवानी ने पुरस्कार देकर सम्मानित किया।

कार्यक्रम की तस्वीर उत्साह और सक्रियता की रही, लेकिन वृद्धजन दिवस के आयोजन की असली कसौटी केवल खेल और सम्मान तक सीमित नहीं है। वरिष्ठजनों के स्वास्थ्य, सामाजिक सुरक्षा, आर्थिक संरक्षण, साइबर अपराध से बचाव और अधिकारों की जानकारी को जमीनी स्तर तक पहुंचाना भी उतना ही महत्वपूर्ण है। ऐसे में विभाग की ओर से घोषित आगामी कार्यक्रम और परिचर्चाएं इन मुद्दों पर कितनी व्यावहारिक मदद पहुंचाती हैं, यह महत्वपूर्ण पहलू रहेगा।
स्वास्थ्य से साइबर सुरक्षा तक चर्चा
1 अक्टूबर को लाल बहादुर शास्त्री स्कूल परिसर स्थित पं. देवकीनंदन दीक्षित सभागृह में मुख्य कार्यक्रम आयोजित होगा। इसमें वरिष्ठजनों का पंजीयन, स्वास्थ्य परीक्षण और सांस्कृतिक प्रस्तुतियां प्रस्तावित हैं। विशेषज्ञ माता-पिता भरण-पोषण अधिनियम 2007, वित्तीय प्रबंधन, स्वस्थ तन-मन, साइबर क्राइम, ऑक्यूपेशनल थेरेपी और फिजियोथेरेपी जैसे विषयों पर चर्चा करेंगे। मुख्य कार्यक्रम दोपहर 1 बजे से शुरू होगा।

सवाल आयोजन से आगे का
वरिष्ठजनों को एक दिन सम्मान देना महत्वपूर्ण है, लेकिन उससे बड़ा सवाल यह है कि स्वास्थ्य सेवाओं, पेंशन, कानूनी अधिकार, आर्थिक सुरक्षा और डिजिटल ठगी से बचाव जैसी जरूरतों पर पूरे साल कितनी प्रभावी सहायता मिलती है। वृद्धजन दिवस के अवसर पर होने वाली परिचर्चाओं और घोषणाओं का वास्तविक महत्व तभी सामने आएगा, जब उनकी जानकारी और सुविधाएं जरूरतमंद वरिष्ठजनों तक नियमित रूप से पहुंचें।
कार्यक्रम में ज्येष्ठ नागरिक संघ के अध्यक्ष अरविन्द दीक्षित, भारतीय राज्य पेंशनर महासंघ के जिला अध्यक्ष राकेश जैन सहित विभिन्न वरिष्ठजन संगठनों के पदाधिकारी एवं विभागीय कर्मचारी उपस्थित रहे।



